जसोल री धनियारी, मोटो देवरो सा लिरिक्स – माजीसा भजन लिरिक्स
जसोल री धनियारी,
मोटो देवरो सा,
थारे देवलिया में,
थारे मंदरया में,
जागी जगमग जोत,
ओ माजीसा मोटो देवरो सा,
जसोल री धनियारी,
मोटो देवरो सा ।।
थारे घेर ने घुमारो,
पहरों घाघरो सा,
थारे चमचम चमके2 ,
तारा जड़ी चुंदरी माजीसा,
मोटो देवरो सा,
जसोल री धणियारी,
मोटो देवरो सा ।।
थारे हाथा माही,
चुडो हद सोवणो सा,
थारे छम छम बाजे,
पायल री झनकार ओ माजीसा,
मोटो देवरो सा,
जसोल री धणियारी,
मोटो देवरो सा ।।
पिंकी गहलोत री सुनजो,
विनती ओ सा,
थारे शरण आया ने सोरा,
राखजो माजीसा,
मोटो देवरो सा,
जसोल री धणियारी,
मोटो देवरो सा ।।
Singer & Lyrics :- Pinki Gahlot
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Jasol ri dhaniyari, Moto Devro Sa Bhajan Lyrics
Swar & Lyrics – Pinki Gehlot
Jasol ri dhaniyari,
Moto devro sa,
Thaare devaliya mein,
Thaare mandarya mein,
Jaagi jagmag jot,
O Majisa, moto devro sa,
Jasol ri dhaniyari,
Moto devro sa.
Thaare gher ne ghumaro,
Pehro ghaghro sa,
Thaare cham-cham chamke,
Taara jadi chundari Majisa,
Moto devro sa,
Jasol ri dhaniyari,
Moto devro sa.
Thaare haatha maahi,
Chudo had sovano sa,
Thaare cham-cham baje,
Payal ri jhankaar O Majisa,
Moto devro sa,
Jasol ri dhaniyari,
Moto devro sa.
Pinki Gehlot ri sunjo,
Vinti o sa,
Thaare sharan aaya ne sora,
Raakhjo Majisa,
Moto devro sa,
Jasol ri dhaniyari,
Moto devro sa.
FAQs for Jasol ri dhaniyari Bhajan Lyrics:
जसोल री धनियारी भजन किसने गाया है?
यह भजन स्वर और लेखन दोनों पिंकी गहलोत द्वारा किया गया है।माजीसा कौन हैं?
माजीसा को माँ भटियाणी के रूप में पूजा जाता है, जिनका मुख्य धाम जसोल, राजस्थान में है।मोटो देवरो सा का क्या अर्थ है?
“मोटो देवरो सा” माजीसा के विशाल और भव्य मंदिर की ओर इशारा करता है।क्या यह भजन नवरात्रि में गाया जाता है?
हाँ, यह भजन विशेष रूप से नवरात्रि और जसोल मेले में गाया जाता है।भजन की लिरिक्स कहाँ पढ़ें?
पूरा भजन https://bhajanwithlyrics.com/ पर उपलब्ध है।क्या इस भजन की वीडियो रिकॉर्डिंग उपलब्ध है?
हाँ, यूट्यूब पर पिंकी गहलोत द्वारा गाया गया यह भजन मिल सकता है।क्या भजन को PDF में डाउनलोड किया जा सकता है?
कई भक्ति वेबसाइट्स पर PDF डाउनलोड विकल्प मौजूद होता है।क्या यह भजन मंदिरों में गाया जाता है?
हाँ, यह भजन माजीसा के मंदिरों और भक्तों द्वारा कीर्तन में गाया जाता है।














