Jab Deep Jale Maiya Lyrics
तर्ज – तूने अजब रचा भगवान ।
जब दीप जले मैया,
तुझे मैं याद करूँ,
याद करूँ मैं याद करूँ,
याद करूँ मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।टेर।।
तुम बिन कैसा जग ये होता,
राजा और महाराजा रोता,
जब सर से उठे छइयां,
तुझे मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।1।।
तेरी माया तू ही जाने,
मानव तुमको क्या पहचाने,
भव नाव की खिवैया,
तुझे मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।2।।
रखती सबकी मुंह की लाली,
लक्ष्मी दुर्गा शिव और काली,
पड़ता है जग पइयाँ,
तुझे मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।3।।
घर घर घट घट वास करे तू,
मुर्दे में भी साँस भरे तू,
गिरते को दे बइयाँ,
तुझे मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।4।।
जब दीप जले मैया,
तुझे मैं याद करूँ,
याद करूँ मैं याद करूँ,
याद करूँ मैं याद करूँ,
जब दीप जलें मईया,
तुझे मैं याद करूँ ।।टेर।।
प्रेषक : शिवांश जांगिड














