O Dar Chhod Ke Jaunga Na Maiya Lyrics
तर्ज – दिल तोड़ के हंसती।
ओ दर छोड़ के जाउंगा ना मैया,
कभी तो नैया पार करोगी ।।टेर।।
जैसे औरों के किए है दुख दूर माँ,
आस पूरी होगी मेरी भी जरूर माँ,
ओ मेरे सपने भी,
ओ मेरे सपने भी होके दयालु,
माँ तुम्ही साकार करोगी,
ओ दर छोड के जाउँगा ना मैया,
कभी तो नैया पार करोगी ।।1।।
जो भी लेना मैंने लेना तेरे द्वार से,
तेरे होते क्यों मैं मांगू संसार से,
हो जब किसी दिन,,
हो जब किसी दिन रहम तुझे आया,
निराला उपकार करोगी,
ओ दर छोड के जाउँगा ना मैया,
कभी तो नैया पार करोगी ।।2।।
दूर भक्तों से मैया रह ना पाओगी,
आज रूठी हो तो कल मान जाओगी,
हो सारी रहमतों को,
हो सारी रहमतों को मौज में आके,
माँ मुझपे निसार करोगी,
ओ दर छोड के जाउँगा ना मैया,
कभी तो नैया पार करोगी ।।3।।
काम होता है सवाली का पुकारना,
काम तेरा है माँ किस्मते संवारना,
हो मैंने जिद कर,
हो मैंने जिद कर झोली जो पसारी,
तो कैसे इंकार करोगी,
ओ दर छोड के जाउँगा ना मैया,
कभी तो नैया पार करोगी ।।4।।
Singer – Sonu Nigam
Lyrics: Traditional / Devotional Inspired














