जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स एक सुंदर और मधुर राधा कृष्ण भजन है। इस भजन में श्री राधा कृष्ण की दिव्य छवि, सुंदर श्रृंगार और भक्तों को मिलने वाले आनंद का भावपूर्ण वर्णन किया गया है। भजन के शब्द भक्तों को प्रेम और भक्ति में डूब जाने के लिए प्रेरित करते हैं।
जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स
जी भर के तुम दर्शन कर लो,
राधा कृष्ण मुरारी के,
जीवन अपना सुफल बनाओ,
चरणन में सिर डारी के,
जी भरके तुम दर्शन करलों,
राधा कृष्ण मुरारी के ।।
तर्ज – नगरी नगरी द्वारे द्वारे ।
प्यारे के सिर पर मोर मुकुट है,
नैनन तिरछी कटारी है,
नैनन तिरछी कटारी है,
प्यारी के सिर पर चुनरी सोहे,
लट घुंघराली काली है,
लट घूंगराली काली है,
फूलन के दो माला पहरे,
फूलन कुंडल कान के,
जी भरके तुम दर्शन करलों,
राधा कृष्ण मुरारी के ।।
प्यारी पहरे कुसुमल साड़ी,
मुरारी कमरिया कारी है,
मुरारी कमरिया कारी है,
हाथों में कंगन पैरों में पायल,
अद्भुत शोभा न्यारी है,
अद्भुत शोभा न्यारी है,
ईत्तर लगावे चंपा चमेली,
और गुलाब गुल नारी के,
जी भरके तुम दर्शन करलों,
राधा कृष्ण मुरारी के ।।
‘अभिषेक’ तो बली बली जावे,
ऐसो रूप निहारी के,
ऐसो रूप निहारी के,
सबकुछ अपना न्योछावर करदो,
युगल जोड़ी सरकार पे,
युगल जोड़ी सरकार पे,
मुझे बना लो सेवक श्रीजी,
अपने इस दरबार के,
जी भरके तुम दर्शन करलों,
राधा कृष्ण मुरारी के ।।
जी भर के तुम दर्शन कर लो,
राधा कृष्ण मुरारी के,
जीवन अपना सुफल बनाओ,
चरणन में सिर डारी के,
जी भरके तुम दर्शन करलों,
राधा कृष्ण मुरारी के ।।
स्वर – अभिषेक तिवारी जी
प्रेषक – ओमप्रकाश जी
अभिषेक तिवारी जी के अन्य प्रसिद्ध भजन लिरिक्स
Ji Bhar Ke Tum Darshan Kar Lo Radha Krishna Murari Ke Lyrics
Ji Bhar Ke Tum Darshan Kar Lo,
Radha Krishna Murari Ke,
Jeevan Apna Sufal Banao,
Charanan Mein Sir Daari Ke.
Pyare Ke Sir Par Mor Mukut Hai,
Nainan Tirchi Kataari Hai,
Pyari Ke Sir Par Chunari Sohe,
Lat Ghungharali Kaali Hai.
Phoolan Ke Do Mala Pehre,
Phoolan Kundal Kaan Ke,
Ji Bharke Tum Darshan Kar Lo,
Radha Krishna Murari Ke.
Pyari Pehre Kusumal Saari,
Murari Kamariya Kaari Hai,
Haathon Mein Kangan Pairon Mein Payal,
Adbhut Shobha Nyaari Hai.
Ittar Lagave Champa Chameli,
Aur Gulab Gul Naari Ke,
Ji Bharke Tum Darshan Kar Lo,
Radha Krishna Murari Ke.
Abhishek To Bali Bali Jaave,
Aiso Roop Nihaari Ke,
Sabkuch Apna Nyochhavar Kardo,
Yugal Jodi Sarkar Pe.
जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स का भावार्थ
यह भजन श्री राधा कृष्ण की सुंदर छवि और दिव्य प्रेम का वर्णन करता है। भक्त भगवान के रूप, श्रृंगार और मुस्कान को देखकर भावविभोर हो जाता है और अपने जीवन को उनके चरणों में समर्पित करने की इच्छा व्यक्त करता है।
भजन में राधा कृष्ण के दर्शन को जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य बताया गया है।
जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स क्यों लोकप्रिय है
यह भजन अपने मधुर बोल और राधा कृष्ण की सुंदर झांकी के कारण भक्तों के बीच बहुत लोकप्रिय है। सत्संग, कीर्तन और मंदिरों में यह भजन बड़े प्रेम से गाया जाता है।
भजन सुनते ही मन में भक्ति और शांति का अनुभव होता है।
FAQs – जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स
Q.1 जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स किसे समर्पित है?
Ans. यह भजन श्री राधा कृष्ण को समर्पित है।
Q.2 जी भर के तुम दर्शन कर लो भजन लिरिक्स के गायक कौन हैं?
Ans. इस भजन को अभिषेक तिवारी जी ने गाया है।
Q.3 इस भजन का मुख्य भाव क्या है?
Ans. इस भजन का मुख्य भाव राधा कृष्ण के सुंदर दर्शन और भक्ति का आनंद है।
Q.4 क्या इस पोस्ट में English Lyrics भी उपलब्ध हैं?
Ans. हाँ, इस वेबसाइट BhajanWithLyrics.com में Hindi और English (Roman) दोनों Lyrics दिए गए हैं।














