चोरासी की नींद में,
सतगुरु आके जगा दिया ।
सतगुरु आके जगा दिया,
धनगुरु आके जगा दिया ।।
कोन था में कहां से आया,
ना जाने क्या नाम था ।
कृपा भई गुरुदेव की,
म्हाने प्रेम का प्याला पिला दिया ।
चोरासी की नींद में,
सतगुरु आके जगा दिया ।
सतगुरु आके जगा दिया,
धनगुरु आके जगा दिया ।
जनम जनम की भूल थी,
भूली वस्तु अनमोल थी ।
कृपा भई गुरुदेव की,
म्हाने मोह माया से बचा लिया ।
चोरासी की नींद में,
सतगुरु आके जगा दिया ।
सतगुरु आके जगा दिया,
धनगुरु आके जगा दिया ।
मोती था एक सीप में,
सीप समन्दर डार दिया ।
कृपा भई गुरुदेव की,
म्हाने कागा से हंसा बणा दिया ।
चोरासी की नींद में,
सतगुरु आके जगा दिया ।
सतगुरु आके जगा दिया,
धनगुरु आके जगा दिया ।
नानक नाम प्रकाश था,
गुरु चरणों का दास था ।
कृपा भई गुरुदेव की,
म्हाने सांचा मार्ग बता दिया ।
चोरासी की नींद में,
सतगुरु आके जगा दिया ।
सतगुरु आके जगा दिया,
धनगुरु आके जगा दिया ।
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Chorasi ki neend mein, Satguru aake jaga diya Lyrics
Chorasi ki neend mein,
Satguru aake jaga diya ।
Satguru aake jaga diya,
Dhan Guru aake jaga diya ।।
Kaun tha main kahaan se aaya,
na jaane kya naam tha ।
Kripa bhayi Gurudev ki,
mhane prem ka pyaala pila diya ।।
Janam janam ki bhool thi,
bhooli vastu anmol thi ।
Kripa bhayi Gurudev ki,
mhane moh maya se bacha liya ।।
Moti tha ek seep mein,
seep samundar daal diya ।
Kripa bhayi Gurudev ki,
mhane kaga se hansa bana diya ।।
Nanak Naam prakaash tha,
Guru charnon ka daas tha ।
Kripa bhayi Gurudev ki,
mhane sancha maarg bata diya ।।














